माँ
A hindi poem for mother सो सका सुख से, जिसमे मेरा मन,तेरी गोद जैसे, फूलो का आसन ! दुःख समेट लेता, तेरा ये आंचल आशीषों का भण्डार, और मेरा संबल ! आशीषों के इस झरने मे, डूब डूब ही जाऊ ध्रुव की अचल शिला सी, पदवी कोई पाउँ ! अनजाने मे कभी, ऐसा ना हो […]
